शिविर में व्यवस्थाओं को लेकर बीडीओ से उलझने पर अलसीसर के पूर्व प्रधान गिरधारीलाल गिरफ्तार

मंडावा विधानसभा क्षेत्र के गोखरी गांव में प्रशासन गांवों के संग शिविर के दौरान अव्यवस्थाओं के आरोप लगाने पर पुलिस ने अलसीसर के पूर्व प्रधान भाजपा नेता गिरधारीलाल खीचड़, उनके साले बहल निवासी रवींद्र कुमार और ड्राइवर झटावा निवासी वीरेंद्रसिंह को गिरफ्तार कर लिया। इसका मौके पर मौजूद ग्रामीणों और उनके समर्थकों ने विरोध किया। पुलिस अधिकारियों का घेराव कर गिरफ्तारी का आधार पूछा। पुलिस ने उन्हें इतना ही कहा कि अधिकारियों से दुर्व्यवहार करने पर उन्हें गिरफ्तार किया गया है।
शाम को इन्हें एसडीएम के समक्ष पेश किया गया। जहां से जमानत हो गई। इधर, इस संबंध में अलसीसर बीडीओ महेशचंद्र एवं ग्राम विकास अधिकारी जगदीश की ओर से पूर्व प्रधान गिरधारीलाल खीचड़, गोखरी सरपंच ललिता और खीचड़ के भाई विजेंद्र उर्फ टिलिया व एक अन्य वीरेंद्र सिंह के खिलाफ राजकार्य में बाधा का मामला दर्ज करवाया गया है। मामले में खीचड़ और उनके समर्थकों ने इस कार्रवाई के लिए कांग्रेस से मंडावा विधायक रीटा चौधरी पर मनमानी के आरोप लगाए। भाजपाइयों ने कहा कि यह सब विधायक के इशारों पर ही हो रहा है।
समर्थकों ने कहा-विधायक रीटा के कहने पर हुआ ऐसा, पुलिस का तर्क- दुर्व्यवहार करने पर शांतिभंग में पकड़ा, राजकार्य में बाधा का केस दर्ज
जानकारी के अनुसार बुधवार काे गोखरी के संस्कृत स्कूल में प्रशासन गांव के संग अभियान के तहत शिविर था। सवेरे पूर्व प्रधान गिरधारीलाल खीचड़ और उनकी भाभी गोखरी की सरपंच ललिता खीचड़ वहां पहुंचे। सरपंच ललिता खीचड़ की मानें तो मौके पर शिविर के लिए कोई टेंट नहीं लगा था और केवल एक दरी बिछी थी। जिस पर उसने और पूर्व प्रधान ने अधिकारियों से शिकायत की और कहा कि शिविर के नाम पर औपचारिकता क्यों बरती जा रही है।
इसी दौरान गिरधारी लाल खीचड़ और बीडीओ महेशचंद्र के बीच कहासुनी हो गई। जिस पर बीडीओ ने पुलिस को सूचना दे दी। तब मलसीसर थानाधिकारी गाेपाल सिंह माैके पर पहुंचे और पूर्व प्रधान और दो अन्य काे गिरफ्तार कर लिया। सूचना पर समर्थक और ग्रामीणों समेत भाजपा नेता भी मलसीसर थाने पहुंचे। ये लोग थाने के सामने धरने पर बैठ गए। इसके बाद डीएसपी ग्रामीण आनंद राव समेत आरएसी जाब्ता माैके पर पहुंचा। शिविर स्थल पर पुलिस बल तैनात किया गया।
पूर्व प्रधान और उसके साले समेत तीन को शांतिभंग में पकड़ा, समर्थकों का प्रदर्शन, जमानत पर छोड़ा
पूर्व प्रधान की गिरफ्तारी के बाद उनके समर्थक और भाजपा नेता एकत्रित हो गए। इन सभी ने माैके पर माैजूद डीएसपी आनंद राव व थानाधिकारी गाेपाल सिंह का घेराव कर आरोप लगाया कि यह कार्रवाई विधायक रीटा चौधरी के दबाव में की गई है। इस दौरान अधिकारियों ने कहा कि हमने अधिकारियों से दुर्व्यवहार करने पर नियमानुसार कार्रवाई की है, लेकिन ग्रामीण नहीं माने और गाेखरी में शिविर स्थल पर प्रदर्शन करते रहे।
इस दौरान भाजपा नेता विश्वंभर पूनिया, कुलदीप पूनिया, पूर्व प्रधान सुशीला सीगड़ा, राजेश बाबल, अतुल खीचड़, कृष्ण जानू, सीताराम शर्मा, सुधीर चौमाल ने पूर्व प्रधान की गिरफ्तारी का आधार पूछा। भाजपा नेताओं ने विधायक रीटा चौधरी पर दादागिरी का आरोप लगाया। उधर, पुलिस ने शांतिभंग में गिरफ्तार तीनों आरोपियों को देर शाम उपखंड अधिकारी के यहां पेश किया। जहां से उन्हें जमानत पर छोड़ दिया गया। इस मामले को लेकर भाजपाइयों ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
इनसाइड स्टाेरी- पूर्व प्रधान विधानसभा चुनाव के लिए जमीन बना रहे, रीटा नहीं चाहती प्रतिद्वंदी खड़ा हो
मंडावा से रीटा चौधरी कांग्रेस की विधायक हैं। मुख्य चुनाव में यहां से भाजपा के नरेंद्र खीचड़ जीते थे और वे हार गई थी, लेकिन नरेंद्र खीचड़ के सांसद चुने जाने से यहां उपचुनाव हुए। जिनमें रीट चौधरी जीती। अलसीसर इसी विधानसभा क्षेत्र में आता है। गिरधारी खीचड़ यहां से प्रधान रहे हैं। क्षेत्र के गोखरी गांव से उनकी भाभी ललिता खीचड़ सरपंच हैं। अलसीसर के आसपास के गांवों में गिरधारी खीचड़ का अच्छा प्रभाव है। इसलिए विधानसभा चुनाव में उन्होंने मंडावा से भाजपा का टिकट भी मांगा था, लेकिन नहीं मिला। अब वे आने वाले विधानसभा चुनाव के लिए यहां से अपनी जमीन तैयार कर रहे हैं। यही कारण है कि कांग्रेस विधायक रीटा चौधरी और उनके बीच सियासी टकराव रहता है। एक महीने पहले ही दोनों ने एक दूसरे पर अतिक्रमी होने का आरोप लगाया था। दोनों के बीच यह टकराव दो साल से जारी है। ऐसे में प्रधान की इस गिरफ्तारी को भी इसी टकराव की सियासत से जोड़कर देखा जा रहा है।
गाेखरी की सरपंच एचएस टिलिया की पत्नी हैं। इन लाेगाें ने दादागिरी मचा रखी है। इन लाेगाें ने शिविर के लिए काेई व्यवस्था नहीं हाेने दी। टेंट वाले काे धमकाया। मौके पर आए अधिकारियों से गाली गलौच की। नियमानुसार पुलिस ने अपनी कार्रवाई की है। सरपंच का यह कहना कि गांव में कोई काम नहीं कराया, ये गलत है। गांव में अब 2.55 करोड़ के काम हो चुके हैं।- रीटा चाैधरी, विधायक मंडावा
जब से रीटा विधायक बनी हैं। मेरी पंचायत में काेई काम नहीं कराया है। राजनीतिक द्वेषता के चलते यह कार्रवाई की गई है। पुलिस विधायक के इशाराें पर काम कर रही है। जनता की आवाज उठाने पर पूर्व प्रधान काे गिरफ्तार किया गया है।- ललिता खीचड़, सरपंच गोखरी
प्रशासन गांव के संग अभियान की अव्यवस्था काे साेशल मीडिया पर बता रहा था। प्रशासन ने काेई व्यवस्था नहीं की थी। मेरी भाभी सरपंच भी वहां थी। विधायक रीटा चाैधरी लवाजमे के साथ आकर यहां पट्टे बांटना चाहती थी। गलत पट्टा बनाने की मंशा थी, ताकि सरपंच काे जेल भेजा जा सके। हमने तय किया है कि गलत काम नहीं करेंगे। अव्यवस्थाओं का विराेध करने पर मेरे ड्राइवर व मुझे गाड़ी में डालकर ले गए।- गिरधारीलाल खीचड़, पूर्व प्रधान अलसीसर